कोई राह आसान नही है ना है कुछ भी मुश्किल,गर ललक है पाने की तो मंजिल मिलेगी निश्चित

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07 October 2022

ज़िम्मेदार कौन ? जरा सोचिये....

हाई डेसिबल के डीजे बजना किसी खतरे से कम नहीं

मुर्ति विसर्जन में खूब हुआ इसका उपयोग,जिम्मेदरान रहे मौन

धर्म-कर्म के नाम पर ज्यादती ठीक नहीं है। क्या गांव, क्या शहर,मुर्ति विसर्जन के समय जितना तेज डीजे बजाया गया इससे किसी की हार्ट अटैक हो जाए तो कोई बड़ी बात नहीं है। इस पर प्रशासन की सख्ती होनी चाहिए और एक मानक का निर्धारण करना चाहिए कि कितने डेसिबल तक बजाए जायं। पूरे टाली में भरकर साउंड बाक्स इतना जोर से बजाया जा रहा है कि 100 मीटर की दूरी पर भी हार्ट पर असर कर रहा है। जिन लोगों के प्रस्रय पर मानक के विपरीत ये डीजे बज रहा है उनके परिवार में भी इन तेज ध्वनि से खतरा हो सकता है। इस लिए वही काम करना चाहिए जो लोगों को अच्छा लगे और खतरे से दूर रहे। मुर्ति स्थापना कमेटी को भी इस पर चिंतन-मनन करना चाहिए और मानक से अधिक तेज ध्वनि से बचना चाहिए। आपके ही अगल-बगल छोटे बच्चे हैं,बुढ़े हैं,बिमार है,हार्ट के मरीज है,एक बार इन सभी के लिए सोचना चाहिए। दशहरा तो बीत गया लेकिंन अभी आगे दीपावली व छट्ठ है इसमें भी डीजे बजना है तो प्रशासन व लक्ष्मी जी की ,छट्ठ माता की मुर्ति स्थापना करने वाले कमेटी अभी से इस पर चिंतन-मनन कर लें और समाज हित में निर्णय लें ताकि कहीँ किसी का जन हानि न होने पाए। 

दबी जुबान से हर कोई इस कृत्य का विरोध कर रहा है लेकिंन वे कहें तो कहें किससे ?

जरा सोचिये....

बेचन सिंह पटेल

Team Udan

उड़ान,द रियल स्टोरी शो@जरा सोचिये